Illegal liquor business is not stopping in the city, smugglers are bringing liquor from Dholpur | शहर में नहीं रुक रहा अवैध शराब का कारोबार, तस्कर धौलपुर से शराब लेकर आ रहे

मुरैनाएक घंटा पहले

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कार जिसमें अवैध शराब लाई गई - Dainik Bhaskar

कार जिसमें अवैध शराब लाई गई

  • सरायछोला व सिविल लाइन थाना पुलिस नहीं पकड़ पाई शराब माफिया को, शहर में घुसते ही कोतवाली थाने ने पकड़ी

जिले में अवैध शराब का कारोबार थमने का नाम नहीं ले रहा है। त्योहार का सीजन आते ही यह कारोबार तीव्र गति पकड़ लेता है। कोतवाली थाना पुलिस ने शनिवार को अंग्रेजी शराब की 15 पेटियां पकड़ी हैं। यह वही पेटियां हैं जो लग्जरी कार में सरायछोला व सिविल लाइन थाने के सामने से होकर निकली हैं।
यहां बता दें, कि जिले में अवैध शराब के कारोबार की जड़ें धौलपुर में जमी हैं। राजस्थान में शराब की कीमत मध्यप्रदेश के मुकाबले बहुत कम है जिसके कारण शराब तस्कर वहां से शराब खरीदकर लाते हैं और शहर में खपा देते हैं। इस काम में वह वह मोटा मुनाफा कमा लेते हैं। यह तस्कर भी गरीब नहीं हैं बल्कि धनाड्य हैं तथा लग्जरी गाड़ियों में अवैध शराब का परिवहन करते हैं।
पुलिस के सामने से निकल रही शराब
बता दें, कि शराब का यह अवैध कारोबार एबी रोड से होता है। मुरैना से धौलपुर की दूरी लगभग 40 किलोमीटर है। वहां से शराब लाई जाती है। धौलपुर बार्डर पार करते ही सबसे पहले मुरैना पुलिस का सरायछोला थाना पड़ता है। लोगों का मानना है कि अगर वहीं पर नाकाबंदी कर दी जाए तो जिले में शराब घुस नहीं सकेगी। लेकिन इस थाने के सामने से शराब आराम से निकल जाती है। इसके बाद दूसरा थाना सिविल लाइन पड़ता है जो कि बस स्टेण्ड से चंद कदम की दूरी पर है। वहां भी कोई रोक-टोक नहीं होती है तथा धड़ल्ले से वाहन पुल के ऊपर से गुजर जाते तथा पुल उतरकर बैरियर चौराहे से शहर में दाखिल हो जाते हैं। इसके अलावा कुछ वाहन नैनागढ़ रोड से भी शहर में प्रवेश कर जाते हैं। बताया जाता है कि अधिकांश शराब वाले वाहन इसी रोड से घुसते हैं। यहां सिविल लााइन थाना का क्षेत्र है।

कोतवाली थाना द्वारा पकड़ी गई अवैध शराब

कोतवाली थाना द्वारा पकड़ी गई अवैध शराब

दिन भर होता अवैध शराब का परिवहन
जानकारी के मुताबिक राजस्थान धौलपुर से लाई जाने वाली अवैध शराब का परिवहन दिन भर होता है। राजघाट इसका सेन्टर प्वाइंट है। वहां अगर इसको नहीं रोका जाता है तो फिर कहीं नहीं रोका जाता है। अगर इसको राजघाट पर ही रोक दिया जाए तो मुरैना में शराब प्रवेश ही नहीं कर सके।
यातायात थाने पर भी नहीं रोक-टोक
बता दें, कि बैरियर चौराहे से लगा हुआ शहर का एकमात्र यातायात थाना है। वहां भी चेकिंग नहीं होती है। थाने के सामने से गाड़ियां गुजरती रहती हैं। जबकि थाने एवं उसके सामने पुल के नीचे 24 घंटे पुलिस रहती है। इसके बावजूद शराब माफिया पुलिस की नजर बचाकर शराब तस्करी को अंजाम दे रहे हैं।
होटलों में खपाई जा रही शराब
जानकारों की माने तो राजस्थान से लाई जा रही शराब। शहर के होटलों में खपाई जा रही है। इसके साथ ही कुछ शराब ठेकेदार भी इस काम में शामिल बताए जा रहे हैं। फिलहाल इस मामले पर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया है।
कहती है पुलिस
हम शराब पर बराबर नियंत्रण किए हुए हैं। सारी शराब राजस्थान से आ रही है। आज हमने सभी थाना प्रभारियों को फील्ड में उतारा है। जहां तक सरायछोला व सिविल लाइन थाने का सवाल है, इन लोगों ने भी शराब कई बार पकड़ी है।
ललित शाक्यवार, पुलिस अधीक्षक

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